Aak Vashikaran


माघ महीने की बुद्धआष्ट्मी स्वाति नक्षत्र हो और दूसरा दिन रविवार हो, तो बुद्धआष्ट्मी की सन्ध्या आक के किसी पौधे के पास जाकर उदम बीबी फातमा मदद शेरे खुदा, चड़े मोहमंद मुस्तफा मूजी कीते जेर ,वरकत हसन हुसैन की रूह असा वल फेर ! का जाप करें। 108 मंत्र जाप करके पौधे मे पीला कपड़ा बाँधकर प्रणाम करें।

अगले दिन ब्रह्नमुहूर्त मे उसे जड़ समेत उखाड़ लाये। उसे जलाकर उसे गुग्गुल का धूप दिखाकर 1188 मोहिनी मंत्र से सिद्ध करें और छानकर रख लें। इस राख का एक चुटकी जिस नारी के सिर पर डालेंगे, वह वश में होगी।

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